Wednesday, February 29, 2012

मैग्नेटिक ट्रेन क्या होती है?

मैग्नेटिक ट्रेन के बारे में बताएं। 

दिनेश सरशिहा, रायपुर 





मैग्नेटिक ट्रेन से आशय परिवहन की मैग्नेटिक लेवीटेशन व्यवस्था से है। इसमें गाड़ी पहिए, एक्सिल या बियरिंग के बजाय चुम्बकीय शक्ति से चलती है। इसके लिए कोई रास्ता या पटरी बनाई जाती है जिसके कुछ इंच ऊपर चुम्बकीय शक्ति से गाड़ी हवा में रहती है। चुम्बकीय शक्ति से ही यह आगे या पीछे चलती है। चूंकि किसी चीज़ की किसी दूसरी चीज़ से रगड़ नहीं होती इसलिए इसे चलने और रुकने में झटके वगैरह भी नहीं लगते। परिवहन की कुछ तकनीकों में मैग्नेटिक लेवीटेशन के तत्वों को दूसरी तकनीक से जोड़कर मिश्रित तकनीक भी तैयार की गई है। मोनोरेल इसका उदाहरण है। दुनिया के तमाम देशों में मैग्लेव चलती हैं। एशिया में जापान और चीन में ऐसी गाड़ियाँ हैं। भारत में रेल मंत्रालय मुम्बई और पुणे के बीच या किसी अन्य मार्ग पर ऐसी गाड़ी चलाने पर विचार कर रहा है। 
वैबसाइट क्या होती है? यह कैसे बनाई जाती है? 
अशोक साहू sahu.ashok452@gmail.com>

वैबसाइट दस्तावेजों का संग्रह है, जिसमें अक्षरों, शब्दों के अलावा चित्रों, वीडियो, ऑडियो, संगीत वगैरह को रखा और देखा जा सकता है। कम्प्यूटर और इंटरनेट का सहारे चलने वाली इस व्यवस्था में उपरोक्त सामग्री किसी वैबसर्वर पर रखी जाती है। इसका एक इंटरनेट पता होता है जिसेयूनीफॉर्म रिसोर्स लोकेटर (यूआरएल) कहा जाता है। दुनियाभर में कहीं से भी इन वैबसाइटों पर पहुँचा जा सकता है। इन वैबसाइटों को सामूहिक रूप से वर्ल्डवाइड वैब(डब्ल्यूडब्ल्यूडब्ल्यू) कहते हैं।

वैबसाइट बनाने के लिए आपको सबसे पहले अपने डोमेन का नाम रखना होगा और उसे रजिस्टर कराना होगा। इसका एक शुल्क है। इस काम में मदद के लिए कई संस्थाएं हैं। भारत में पंजीकरण के लिए आप http://www.domainindia.org/ से भी पता कर सकते हैं। पंजीकरण के बाद वैब होस्ट की जरूरत होगी और उसके बाद पेज डिजाइन की। मेरा सुझाव है आपके शहर में इस काम को करने वाले लोग होंगे। नहीं हैं तब भी मैने जो यूआरएल लिखा है वहाँ से जानकारी मिल जाएगी।

वीपीपी से किताबें कैसे मंगाई जाती हैं?
शुभ्रा यादव, जोधपुर 


इसे वैल्यू पेएबल पोस्ट सिस्टम कहते हैं। किताबें भेजने वाला प्रकाशक या विक्रेता निर्धारित मूल्य दर्ज करके पैकेट ग्राहक के पास भेजता है। डाकिया ग्राहक से वह राशि लेकर डाक विभाग के माध्यम से सम्बद्ध प्रकाशक या विक्रेता तक पहुँचा दाता है। इसकी फीस डाक विभाग लेता है।



राजस्थान पत्रिका के कॉलम नॉलेज कॉर्नर में प्रकाशित

Friday, February 17, 2012

संसद के शून्यकाल का मतलब क्या है?


संसद में चलने वाले शून्य काल का मतलब क्या है? विस्तार से बताएं.
निशा हरिसिंगनी, बूंदी 

संसद में शून्यकाल एक अपरिभाषित भारतीय व्यवस्था है। यह साठ के दशक से शुरू हुआ और अब हमारी संसदीय व्यवस्था का अभिन्न अंग बन गया है। आमतौर पर यह प्रश्न प्रहर के बाद शुरू होता है और लंच तक चलता है। इसमें कोई भी सा मामला उठाया जा सकता है जिसकी औपचारिक सूचना पहले से न हो। इसका शून्य प्रहर नाम भी मीडिया में इसके प्रयोग से हो गया। इसका समय निर्धारित नहीं है। कई बार यह होता भी नहीं और कई बार दो-तीन घंटे तक चलता है। 
किसी गाडी की नम्बर प्लेट पर लिखे अंग्रेजी अक्षरों का क्या मतलब होता है? नई गाडी की प्लेट पर लिखे "ए एफ " का मतलब बताएं। भूलाराम कडवासरा , जोधपुर 
लाइसेंस प्लेट जिसे आमतौर पर नम्बर प्लेट कहा जाता है एक नियम से बनती है। इसमें पहले दो अक्षर राज्य के नाम के संक्षेप रूप में होते हैं। इसके बाद का नम्बर जिले का नम्बर होता है। इसके आगे गाड़ी के वर्ग का संक्षिप्त रूप होता है। सी माने कार. एस माने टू ह्वीलर, पी माने पब्लिक पैसेंजर ह्वीकल, टूरिस्ट लाइसेंस ह्वीकल के लिए टी, थ्री ह्वीलर रिक्शा के लिए आर, पिकअप ट्रक और वैन के लिए वी तथा किराए कि गाड़ी के लिए वाई। इसके बाद चार अंकों का एक नम्बर होता है। जब गाड़ियों की संख्या इससे भी ज्यादा हो जाती है तो इन चार अंकों के पहले एक अक्षर बढ़ा देते हैं। जब सारे अक्षर पूरे हो जाते हैं तो दो अक्षर बढ़ा देते हैं। एएफ का मतलब है एप्लाइड फॉर यानी इस गाड़ी के रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया चल रही है।

पीपीएफ(जन भविष्य निधि) क्या है? इसकी प्रक्रिया के बारे में बताएं।
सर्वेश्वर बाना
पब्लिक प्रॉविडेंट फंड बचत और टैक्स बचत का एक इंस्ट्रूमेंट है। बचत करने का खता। इसका एक उद्देश्य सेवानिवृत्ति के बाद आर्थिक सुरक्षा प्रदान करना भी है। खासतौर से ऐसे व्यक्तियों को जिन्हें अपनी नौकरी में भविष्यनिधि की सुविधा नहीं मिली है। भारत में यह पोस्ट ऑफिस, स्टेट बैंक ऑफ इंडिया तथा कुछ राष्ट्रीयकृत बैंकों की शाखाओं में खोला जा सकता है। इसमें हर साल कम से कम 500 और ज्यादा से ज्यादा 1,00,000 रु की रकम जमा की जा सकती है, जिसपर आयकर में छूट भी मिलती है। यह खाता कम से कम पन्द्रह साल के लिए खोला जाता है। यह व्यवस्था पब्लिक प्रॉविडेंट फंड एक्ट 1968 के अंतर्गत काम करती है, जिसे भारतीय संसद ने 1968 में पास किया था।
  

राजस्थान पत्रिका के कॉलम नॉलेज कॉर्नर में प्रकाशित

अखबार के नीचे बने रंगीन गोले क्या हैं?


अखबार के आखिर में बने छोटे छोटे रंगीन गोले क्या हैंइनका मतलब बताएं।
मांगीलाल शर्मा

ये गोले चार रंग के होते हैं। ये रंग हैं नीला(सायना), लाल(मजेंटा), पीला(यलो) और काला(की या ब्लैक)। इन्हें संक्षेप में सीएमवाईके कहते हैं। अखबारों में छपाई के लिए इन चार रंगों की स्याही इस्तेमाल की जाती है। इन चारों रंगों के संयोग से ही तस्वीरों और अक्षरों के सारे रंग बनते हैं। चारों रंग की प्लेटें ठीक से लगी हैं या नहीं इसका पता इन गोलों या लकीरों या किसी दूसरी आकृति से लगता है। इसे रजिस्ट्रेशन कहने हैं। 


बाघ को राष्ट्रीय पशु कब और क्यों घोषित किया गया?
रणवीर चौधरी, बाड़मेर
लावण्‍य, फुर्ती और अपार शक्ति के कारण बाघ को भारत के राष्‍ट्रीय जानवर के रूप में गौरवान्वित किया है। भारत सरकार की वैबसाइट में बाघ को राष्ट्रीय पशु के रूप में रेखांकित किया गया है। पर इन्हें राष्ट्रीय प्रतीक चिह्न कानून 1950 के तहत नहीं रखा गया है। जैसे हमारे राष्ट्रीय चिह्न, राष्ट्रीय ध्वज और राष्ट्रीय गीत को कानूनी मान्यता प्राप्त है उस प्रकार की मान्यता राष्ट्रीय पशु-पक्षी आदि को नहीं है। भारत सरकार ने 1973 से बाघ परियोजना’ (केंद्रीय प्रायोजित स्कीम के रूप में जारी) शुरू की है, जिनके अंतर्गत बाघ रिजर्वों में बाघों की सुरक्षा और संरक्षण के लिए बाघ वासित राज्यों को केंद्रीय सहायता दी जाती है। इसके अतिरिक्, वर्ष 2006 में वन्यजीव (संरक्षण) अधिनियम, 1972 में संशोधन कर बाघ कार्यबल की सिफारिशों की तुलना में बाघ संरक्षण को सुदृढ़ करने के लिए अलग से एक अध्याय शामिल किया गया है। बाघतेंदुआ टाइग्रिस  धारीदार जानवर है। ज्ञात आठ किस्‍मों की प्रजाति में से शाही बंगाल टाइगर (बाघ) उत्‍तर पूर्वी क्षेत्रों को छोड़कर देश भर में पाया जाता है और पड़ोसी देशों में भी पाया जाता है, जैसे नेपाल, भूटान और बांग्‍लादेश।

मंगल ग्रह का रंग लाल क्यों होता हैं?
पूजा शर्मा pujasharma261992@gmail.com
मंगल को लाल ग्रह इसीलिए कहते हैं क्योंकि यह लाल रंग का नज़र आता है। इसके लाल रंग की वजह है आयरन ऑक्साइड। मंगल ग्रह की मिट्टी आयरन ऑक्साइड की है। यह लाल धूल हवा से उड़कर वातावरण में जमा हो जाती है। इसीलिए हमें यह दूर से लाल नज़र आता है।





राजस्थान पत्रिका के कॉलम नॉलेज कॉर्नर में प्रकाशित

रोबोट का आविष्कार किसने किया?



क्या आप बता सकते हैं कि रोबोट का आविष्कार किसने किया था? आने वाले समय में इंसानों की जगह रोबोट काम कर सकते हैं? 
संतोष कुमार 




रोबोट का एक मतलब कृत्रिम मनुष्य है जिसकी अवधारणा हजारों साल पुरानी है। मनुष्य ने पक्षियों को देखकर उड़ने वाली मशीन बनाई। पन्द्रहवीं सदी में लियोनार्दो दा विंशी ने मनुष्य की आकृति के रोबोट का स्केच बनाया था। इसे लियोनार्दोस रोबोट कहते हैं। उन्नीसवीं सदी में जापानी हिशासिगे तनाका ने कई तरह के मिकेनिकल खिलौने बनाए जो चाय सर्व करते थे, तीर छोड़ते थे। बहरहाल चलती-फुरती पुतलियों को जटिल गणनाएं करने वाले रोबोट तक विकसित होने में तकरीबन सौ साल लगे। सन 1926 में अमेरिका के वेस्टिंगहाउस इलेक्ट्रिक कॉरपोरेशन ने टेलीवॉक्स बनाया जो काम करने वाला पहला रोबोट था। आज दुनिया में तमाम उद्योग ऐसे कामों में रोबोट का इस्तेमाल करते हैं, जहाँ मनुष्य के लिए खतरा होता है। 

भारत का सबसे बड़ा सार्वजनिक पुस्तकालय कौन सा है?
गुरमीत सिंह 
कोलकता के राष्ट्रीय पुस्तकालय को देश का सबसे बड़ा पुस्तकालय माना जाता है। पर इन दिनों सन 2010 में चेन्नई में स्थापित हुई अन्ना सेंटिनरी लाइब्रेरी को देश का सबसे बड़ा पुस्तकालय माना जा रहा है।

क्या दिल्ली में आज तक बर्फबारी हुई है?
एसपी गोयल
दिल्ली में हिमपात कभी नहीं हुआ और सम्भव भी नहीं है। रुई के फाहों की तरह बर्फ नहीं गिरी। अलबत्ता कई बार सुबह की ओस जम जाने से बर्फ जैसी लगती है। ऐसा कई बार हो चुका है।

अगर किसी दूसरे के बैंक अकाउंट में गलती से पैसे डिपॉज़िट हो जाएं तो उन्हें कैसे वापिस किया जा सकता है?
मिथिलेश
बैंक की गलती से ऐसा हुआ हो तो उसकी जिम्मेदारी बैंक की है, पर यदि ग्राहक की गलती से ऐसा हुआ है तो उसे प्रमाण के साथ प्रार्थनापत्र देना होगा। ठीक हो जाएगा।

अब तक हिन्दी की कितनी फिल्में रिमेक हुई होंगी? कुछ के नाम बता सकते हैं?
युसुफ
हिन्दी फिल्मों में कई करह के रिमेक हैं। एक तो तमिल-तेलुगु, मलयालम और बांग्ला के रिमेक हैं। जैसे राम और श्याम, एक-दूजे के लिए, गजिनी, वांटेड, रेडी, बॉडीगार्ड, ईश्वर, युवा, साथिया, मिलन, जुदाई से लेकर देवदास तक। ऐसी फिल्मों की संख्या सौ से ऊपर होगी। इधर रामगोपाल वर्मा ने शोले बनाकर एक नया मानक बनाना चाहा जो सफल नहीं हो पाया। उमराव जान अदा बनी। अब इस साल अग्निपथ और चश्मेबद्दूर बनने जा रही हैं।

वैलेंटाइन डे जब से शुरू हुआ है तब से लेकर अब तक कितनी बार मनाया गया होगा?
 मिश्रित
सन 496 में पोप जिलेसियस प्रथम ने 14 फरवरी को ईसाई शहीदों की स्मृति में, जिन्हें वेलेंटिनस कहा जाता था, यह दिन मनाने की शुरुआत हुए हैं। ईसाई धर्म के इतिहास में अनेक सेंट वेलेंटाइन हुए हैं। हालांकि पोप पॉल सिक्स्थ ने सन 1969 में इस दिन को जनरल रोमन कैलेंडर से हटा दिया है, पर पश्चिमी देशों में इसे मनाया जाता है। हमारे देश में भी पिछले कुछ साल से इसका चलन बढ़ा है। इसे प्रेमाचार या प्रणय से जोड़ने का काम पन्द्रहवीं सदी के युरोप में हुआ, जब समाज में प्रणय संस्कृति का उभार हुआ। युवा मन रोमांटिक होता है। हमारे यहाँ युवा जन संख्या बढ़ रही है। नए दौर में यह नज़र आ रहा है, जिसमें अस्वाभाविक कुछ भी नहीं है।

WhatsApp मैसेंजर क्या है? इसका क्या काम होता है? 
रितेश
WhatsApp मैसेंजर स्मार्टफोनों के लिए इंस्टैंट मैसेजिंग का एक एप्लीकेशन है। इसमें मैसेज भेजने वाले मैसेज के अलावा इमेज, वीडियो और ऑडियो भी भेज सकते हैं।

टेबलेट पीसी किसे कहते हैं? ये बाकियों से अलग कैसे होता है? इसका क्या दाम है? 
वरुण


टेबलेट पीसी भी कम्प्यूटर हैं, पर आकार में छोटे हैं। पीसी का शुरूआती मोबाइल रूप था लैपटॉप, फिर उससे छोटा नोटपैड आया। टेबलेट, अईपैड, स्लेट और आकाश तमाम नामों से सामने आ रहे हैं। इनमें प्रायः कीबोर्ड वैसे नहीं हैं जैसे कम्प्यूटर में होते हैं, बल्कि टचस्क्रीन पर यानी वर्च्युअल हैं। इनपर कम्प्यूटर जैसा भारी काम नहीं हो सकता, पर इंटरनेट सर्फिंग और मल्टी मीडिया वगैरह की सुविधा मिल सकती है। भारत में आईपैड की शुरुआती कीमत 28000 के आसपास थी। एचपी स्लेट इससे सस्ता होगा। कई टेबलेट दस हजार से कम में उपलब्ध हैं। भारत सरकार की मदद से बन रहा आकाश काफी सस्ता होगा। तीन हजार के आसपास।

 वैबसाइट के शुरू में www ही क्यों लगाया जाता है कोई और अक्षर क्यों नहीं लगाया जाता?
 देवेन्द्र चौधरी, ग्राम फरमाना, हरियाणा
वर्ल्डवाइड वैब इंटरनेट के मार्फत एक-दूसरे से जोड़ने का सिस्टम है। यह कंसोर्शियम नब्बे के दशक में ही विकसित हुआ है। डब्लू3 के पहले आपने http भी लिखा देखा होगा। इसका पूरा नाम है हाइपर टैक्स्ट ट्रांसफर प्रोटोकॉल। आप इंटरनेट पर तमाम साइट पर जाएं तो सभी यूनीफॉर्म रिसोर्स लोकेटर यानी url के पहले एक जैसे एक्षर नहीं आते। इसकी वजह है वैब सर्वर स्वामी डोमेन नेम सिस्टम में अपने आपको किस तरह रजिस्टर कराता है। मसलन आप microsoft.com टाइप करें तब भी www.microsoft.com खुलेगा। क्योंकि माइक्रोसॉफ्ट ने ऐसे ही रजिस्टर किया है। यदि आप mit.edu टाइप करें तो पेज खुलेगा http://mit.edu पर यदि आप www.mit.edu टाइप करें तब पेज पर यूआरएल आएगा http://www.mit.edu हालांकि तीनों एक ही पेज हैं।

माइक्रोवेव में कन्वैक्शन मोड का क्या अर्थ है? और इसका क्या इस्तेमाल है? 
गुनगुन
माइक्रोवेव अवन खाद्य सामग्री के भीतर के पोलराइज़्ड मॉलीक्यूल्स को माइक्रोवेव रेडिएशन से उत्तेजित करके गर्म करता है। पर कन्वैक्शन मोड परम्परागत हीटर वाले हीटिंग एलीमेंट से खाद्य वस्तु को गर्म करने का काम करता है। अलबत्ता माइक्रोवेव अवन में यह काम गर्म हवा पैदा करके किया जाता है। माइक्रोवेव का खाना अंदर से गर्म होता है पर ब्राउन, क्रिस्प, ब्रॉइल या बेक नहीं होता। यह काम कन्वैक्शन मोड करता है।

दिल्ली के कुछ इलाकों के नाम काफी अजीब हैं। जैसे पुल बंगश। इसके बारे में कुछ बताएं। 
संकेत रिठाला से
पुल बंगश के पास कमरा बंगश भी है। अब वहाँ कमरा नहीं बस्ती है, पर तकरीबन डेढ़ सौ साल पहले कोई इमारत भी रही होगी। बंगश भारत के पश्चिमोत्तर सीमा प्रांत के पठानों का एक कबीला है। इस इलाके में रूहेलों का राज भी रहा। उनमें बंगश कबीले के लोग भी थे। पुल बंगश शायद नवाब फैजुल्ला खां बंगश का बनाया हो।

सांसद और विधायक में क्या अंतर है? 
मनोज, मोहन गार्डन
राष्ट्रीय संसद के दोनों सदनों यानी लोकसभा और राज्यसभा के सदस्यों को सांसद और प्रादेशिक विधान सभाओं और विधान परिषदों के सदस्यों को विधायक कहते हैं।

लोग हकलाते क्यों हैं? 
आलोक
यह स्पीच डिसॉर्डर है। यह बच्चे की वाणी के विकास के दौरान ही पैदा हो जाता है। इसका कोई एक कारण नहीं है। शारीरिक विकार भी इसकी एक वजह हो सकता है। मसलन जुबान या गले की संरचना में दोष। या मस्तिष्क को किसी वजह से पहुँची क्षति। इसके जेनेटिक कारण भी होते हैं। सीखने की प्रवृत्ति में किसी कारण से आई त्रुटि भी कारण हो सकता है। समय रहते स्पीच थिरैपी से बच्चे बहुत जल्द इस दोष को काफी हद तक दूर भी कर लेते हैं। दवाओं से भी इसका इलाज होता है।